Cyber Security in Hindi | Cyber Security Kya Hai- साइबर सुरक्षा क्या है

इस article में आपको Cyber Security के बारे में पूरी जानकारी दी जा रही है. Cyber security kya hai aur क्यों जरुरी है, साइबर सुरक्षा कितने प्रकार की होती है। साइबर सुरक्षा पर निबंध, परिभाषा, उपाय- Essay on Cyber Security in Hindi

Cyber Security in Hindi | Cyber Security Kya Hai

साइबर सुरक्षा क्या है? What is Cyber Security in Hindi?

Definition of Cyber Security in Hindi ( साइबर सेक्युरिटी की परिभाषा )– आज के टाइम में हर कोई इंटरनेट का इस्तेमाल कर रहा है चाहे वह छोटा हो या बड़ा हो हर कोई किसी न किसी प्रकार से इंटरनेट का इस्तेमाल करता है। जैसे कि पढ़ाई करने के लिए ऑनलाइन क्लासेस, बिजनेस करने के लिए बिजनेस वेबसाइट ,शॉपिंग करने के लिए फ्लिप्कार्ड जैसे ऑनलाइन वेबसाइट का यूज करते है। आज हर कोई सोशल मीडिया के द्वारा दुनिया में किसी ना किसी से जुड़ा हुआ है और इसी लिए साइबर सिक्योरिटी ( cyber suraksha ) को बहुत महत्वता दी जा रही है। क्योंकि हर कोई चाहता है कि उनका डाटा सुरक्षित रहे और कोई चोरी ना कर सके.

Cyber Security meaning in Hindi-साइबर सिक्योरिटी यह शब्द दो शब्दों से मिलकर बना है साइबर जोकि इंटरनेट से जुड़ा हुआ हैं और उन तकनीकों से संबंधित है जिसमें सिस्टम नेटवर्क और डाटा प्रोग्राम होते है। और सिक्योरिटी जो की सुरक्षा से जुड़ा हैं और यह सिस्टम सिक्योरिटी, नेटवर्क सिक्योरिटी, एप्लीकेशन सिक्योरिटी और इंफॉर्मेशन सिक्योरिटी से संबंधित है। साइबर सिक्योरिटी का मतलब होता है सिस्टम को सुरक्षा प्रदान करना जिससे हम अपने सिस्टम को साइबर हमलों से बचा सके साइबर हमले हार्डवेयर ,वायरस, सॉफ्टवेयर के द्वारा किए जाते हैं।

डेटा क्या है? What is data?

कंप्यूटर डेटा को साधारण शब्दों आप ऐसे समझ सकते है ।यह एक कंप्यूटर यूजर्स द्वारा प्रोसेस कि गई या स्‍टोर कि गई इनफॉर्मेशन के अंतर्गत आता है। यूजर्स की इनफॉर्मेशन टेक्स्ट डयॉक्‍युमेंटस्, इमेजेज, ऑडियोक्लिप, सॉफ्टवेयर प्रोग्राम, या अन्य प्रकार के जरूरी जानकारी डेटा के रूप में मानी जाती है।

साइबर सुरक्षा क्यों महत्वपूर्ण है? Why Cyber Security is Important.

साइबर सुरक्षा बहुत महत्वपूर्ण है क्योंकि आजकल ज्यादातर लोग मोबाइल का इस्तेमाल करने लगे हैं और छोटी सी बड़ी सुविधाओं का प्रयोग मोबाइल या कंप्यूटर से करते हैं जैसे कि इंटरनेट के माध्यम से ऑनलाइन क्लासेस, बैंक के कई सारे ट्रांसकेशन ,बिजली का बिल, सोशल नेटवर्किंग साइट जैसे कि फेसबुक ,व्हाट्सएप, इंस्टाग्राम, टि्वटर इन सब का लोग प्रयोग करते है जिसके कारण सोशल नेटवर्किंग साइट से डाटा चोरी होने की संभावना बढ़ जाती है और सरकारी कामों में भी इंटरनेट का प्रयोग बहुत ही तेजी से बढ़ रहा है जैसे की मेडिकल के क्षेत्र में, शिक्षा के क्षेत्र में , बिज़नेस के क्षेत्र में ,पैसे के लेनदेन में ज्यादातर लोग इंटरनेट का प्रयोग बड़ी तेजी से कर रहे हैं इसमें उनके टाटा चोरी होने की संभावना भी बढ़ गई है।

डाटा को सुरक्षित रखने के लिए साइबर सिक्योरिटी का इस्तेमाल किया जाता है ताकि जो भी आप की जानकारी हो उसको सुरक्षित रखा जा सके और कोई भी आपका डाटा चोरी ना कर सके इसलिए साइबर सिक्योरिटी का प्रयोग किया जाता है। डेटा को चोरी होने से बचाने के लिए एंटीवायरस,फायरवांल का प्रयोग किया जाता है जो कि आप के डाटा को सुरक्षित रखता है और आपको साइबर  क्राइम से सुरक्षित रखता है।

यह सब कारणों के लिए साइबर सुरक्षा हमारे लिए महत्वपूर्ण हो जाती है।

साइबर सुरक्षा के तत्व? Elements of cyber security in Hindi

साइबर सिक्योरिटी में बहुत तरह के प्रयास किए जाते हैं जिससे हम अपने डेटा को सुरक्षित रख सकें। जिन में से कुछ निम्लिखित है।

जानकारी सुरक्षा
एप्लीकेशन सुरक्षा
नेटवर्क सुरक्षा
आपातकालीन सुरक्षा
एंड यूजर शिक्षा
डेटा सुरक्षा
मोबाइल सुरक्षा
क्लाउड सुरक्षा

साइबर सुरक्षा को इसलिए खतरा है क्योंकि नेटवर्क कनेक्शन पूरी दुनिया में बहुत तेजी से फैल रहा है। और इसके यूजर्स भी दिन प्रतिदिन बहुत दुगनी तेजी से बढ़ते जा रहे हैं और हैकर्स की समस्या बहुत ज्यादा सामने आ रही है जिसमें हमारा डाटा चोरी होने की संभावना बढ़ जाती है हमारा सिस्टम हैक होने की संभावना भी बढ़ जाती है और कई बार तो साइबरक्राइम की वजह से बहुत ही महत्वपूर्ण डाटा भी चोरी होता हैं। जैसे कि भारत में सरकार अपने बहुत सारे प्रोग्राम सिस्टम मे रखती है और उन को सुरक्षित रखने के लिए साइबर सिक्योरिटी बहुत ही ज्यादा महत्वपूर्ण है । कई बार बहुत बड़े-बड़े लेन-देन भी ऑनलाइन प्रक्रिया से किए जाते हैं जिसके लिए साइबर सिक्योरिटी का होना अनिवार्य है इसके ना होने से साइबर क्राइम की संभावना बढ़ जाती है।

साइबर सिक्योरिटी की परेशानियों से निपटने के लिए प्रशासन अपनी तरफ से काफी तरीके अपनाता है साइबर सुरक्षा के लिए काफी देशों द्वारा उनका खुद का पुख्ता पूँजी का इस्तेमाल किया जा रहा है जिससे कि उन देशों का निजी डाटा रखना हो और उनकी सारी जानकारियाँ सुरक्षित रहे इसलिए ज्यादातर देश साइबर सिक्योरिटी का प्रयोग कर रहे हैं।

देखा जाए तो 2017 में गार्ट्नर कंपनी के रिकॉर्ड के अनुसार पूरी दुनिया में इंफॉर्मेशन सुरक्षा व्यय में  83.4 बिलियन तक कि बढ़ोतरी देखी गई।

साइबर क्राइम के प्रकार? Types of Cyber crime

बदलते समय के साथ साथ बदलती तकनीकों की वजह से हमारी सुरक्षा और थ्रेट इंटेलिजेंस हमारे लिए काफी चुनौतीपूर्ण हो गए हैं। जबकि साइबर धमकियों से बचने के लिए हमारी जानकारी को सुरक्षित रखना काफी जरूरी है ताकि कोई हमारा डाटा चोरी ना कर सके और हमारा सिस्टम सुरक्षित रहे।

रेनसमवेयर ( Ransomware):

रेनसमवेयर एक तरह का वायरस होता है जो कि अपराधी द्वारा यूज़र के कंप्यूटर और सिस्टम में हमला करने के लिए उपयोग में आता है ।यह कंप्यूटर में पड़ी फाइलों को काफी नुकसान पहुँचाता है या मान लिजिए फाइलों को करप्ट कर देता है फिर उसके बाद अपराधी ने जिस किसी का भी कंप्यूटर सिस्टम इस तरीके से खराब किया होता है उससे रिश्वत लेता है और उसके बाद उसके सिस्टम को छोड़ता है रेनसमवेयर काफी खतरनाक वायरस में से एक है ।

मालवेयर ( Malware):

मालवेयर‌ कंप्यूटर एक प्रकार का सॉफ्टवेयर प्रोग्राम है जो आपके कंप्यूटर की किसी फाइल या प्रोग्राम को नष्ट कर देती है इस सॉफ्टवेयर को हैकर्स कंप्यूटर से पर्सनल डाटा चोरी करने के लिए डिजाइन करते हैं।

हैकर्स की भाषा में मालवेयर टर्म का यूज वायरस, स्पाय वेयर और वार्म आदि के लिए किया जाता है। ये भी एक वायरस के ही रूप हैं।

मालवेयर आपकी निजी फाइलों तक पहुंचकर उन्हें दूसरी किसी डिवाइस में ट्रांसफर कर सकता है। इसके जरिए हैकर्स आपकी सूचनाएं, फोटो, वीडियो, बैंक या अकाउंट से जुड़ी जानकारी चुरा सकते हैं।

फिशिंग ( Phishing ):

फिशिंग मेल साइबर सिक्योरिटी में एक प्रकार का फ्रॉड होता है जिसमें फ्रॉड करने वाला लोगों को ईमेल भेजता है। जिससे कि उन लोगों  यह लगे कि यह मेल अच्छी संस्था से आया है इस तरह के मेल का मकसद अक्सर लोगों के जरूरी डाटा को चुराना ही होता है । जैसे कि क्रेडिट कार्ड की जानकारी या फिर लॉगिन जानकारी।

वायरस ( Virus ):

साइबर सिक्योरिटी में वायरस एक प्रकार का मालवेयर प्रोग्राम है इसमें विशेष रूप से पीड़ितों के कंप्यूटर को नुकसान पहुंचाने के लिए वायरस डिजाइन किया जाता है ।वायरस सही परिस्थितियों में आत्म प्रतिकृति होता है और यूजर की अनुमति के बिना ही कंप्यूटर सिस्टम को संक्रमित कर देता है।

पासवर्ड अटैक ( Pasword Attack ):

साइबर सिक्योरिटी में पासवर्ड अटैक एक प्रकार का साइबर सिक्योरिटी के लिए खतरा है ।इसमें यूजर के पासवर्ड को ट्रैक करने के लिए हैकर्स द्वारा हैकिंग की प्रक्रिया शामिल है ।हैकिंग टूल की सहायता से हैकर्स यूज़र के खातों की क्क्डेंशियल्स प्राप्त करने और पहुंच प्राप्त करने के लिए कई पासवर्ड एंटर कर सकते हैं और यूजर का पासवर्ड चोरी कर सकते हैं जिससे कि उनके अकाउंट की सारी जानकारियां हासिल कर सकते हैं.

साइबर हमलों से बचने के उपाय? Measures to avoid cyber attacks.

●    एंटीवायरस का उपयोग:

क कंप्यूटर को किसी भी प्रकार के मालवेयर ,वायरस से बचाने के लिए एंटीवायरस का इस्तेमाल किया जाता है  एंटीवायरस जो आप प्रयोग करते हैं उसको समय-समय पर अपडेट करते रहना चाहिए। ताकि वह कंप्यूटर को सुरक्षित रख सके। यह एंटीवायरस बेस्ट है जैसे की कास्परस्की, नॉर्टन या अवास्ट।

●    फायरवॉल का उपयोग:

फायरवॉल हमारे कंप्यूटर सिस्टम में वायरस आने या फिर हमारे कंप्यूटर से किसी और के कंप्यूटर में वायरस जाने से रोकता है फायरवॉल को हार्डवेयर और सॉफ्टवेयर दोनों तरीकों से इंप्लीमेंट किया जाता है फायरवॉल अवैध इंटरनेट यूजर्स को प्राइवेट कंप्यूटर नेटवर्क को एक्सेस करने से रोकता है ।जिससे हम हार्मफुल, मालवेयर और वायरस आने का खतरा कंप्यूटर में कम हो जाता है।

●   सुरक्षित तरीके से इंटरनेट का उपयोग करे:

इंटरनेट इस्तेमाल करते वक्त इस बात को सुनिश्चित कर लें की वेबसाइट असली है की नही और पूरी तरह सिक्योर है हमेशा रजिस्टर्ड वेबसाइट का ही प्रयोग करें और जिसमे किसी भी प्रकार का मालवेयर नहीं रहते। किसी भी ऐसे लिंक पर क्लिक ना करें जो आपको ऐसे पेज पर रीडायरेक्ट कर दे जहां पर वायरस मौजूद होते हैं ऐसा करने से आपके सिस्टम में वायरस डाउनलोड  हो सकता है। कुछ एड्स और ईमेल पर बहुत आकर्षित ऑफर दिए जाते हैं उसको कभी क्लिक ना करें उसमें मालवेयर, वायरस होने का खतरा होता।

●    स्ट्रांग पासवर्ड का उपयोग करें

इंटरनेट पर साइबर क्राइम से बचने के लिए हमेशा स्ट्रांग पासवर्ड का  प्रयोग करना चाहिए। छोटे और आसान पासवर्ड का इस्तेमाल ना करें क्योंकि इनको गैस करना बहुत आसान हो जाता है कम से कम 8 character के पासवर्ड का यूज़ करें पासवर्ड में लेटर(abc) नंबर(123) और स्पेशल करैक्टर(@#$) को शामिल करें समय-समय पर पासवर्ड को  बदलते रहना चाहिए।

साइबर सुरक्षा के फायदे? Benefits of Cyber Security in Hindi

साइबर सिक्योरिटी के अनेक फायदे हैं और यह बहुत जरूरी भी है क्योंकि सरकार मिलिट्री कॉरपोरेट, फ़ाइनेंशियल कंपनी, मीडिया, मेडिकल संस्थान, और भी कई सारी कंपनियां जिनके पास काफी तरह का डाटा होता है उस डाटा को वह अपने सिस्टम पर या फिर कंप्यूटर पर रखते हैं इस डेटा का कुछ भाग बहुत ही महत्वपूर्ण हो सकता है जिसकी चोरी होने से किसी की निजी जिंदगी या किसी भी संस्थान पर काफी गहरा प्रभाव पड़ सकता है।

साइबर सुरक्षा की मदद से हम सारे डेटा को सुरक्षित रख सकते हैं जिससे कि डाटा किसी और के हाथ में ना लग सके जैसे जैसे डाटा बढ़ता जाता है वैसे वैसे हमें इच्छा और प्रभावशाली साइबर सुरक्षाओं की उत्पादों और सर्विस इसकी जरूरत पड़ने लगती है।

साइबर सिक्योरिटी की मदद से हम भविष्य या वर्तमान होने वाले साइबर हमलों या साइबर क्राइम से अपने डाटा को बचा सकते हैं। जब भी कोई संस्थान किसी भी तरह का डाटा अपने सिस्टम पर रखता है तो वह साइबर सुरक्षा के उत्पादों और सर्विस की मदद से ही संभव हो पाता है जैसे कि एंटी वायरस आदि हमें साइबर हमलों से बचाते हैं।

साइबर सुरक्षा में नौकरियाँ? Jobs in Cyber Security in Hindi

साइबर सुरक्षा जिस तरह से दिन प्रतिदिन महत्वपूर्ण होती जा रही है उसी तरह से साइबर ख़तरा भी बड़ी तेजी से बढ़ रहे हैं इससे बचने के लिए हार्डवेयर और सॉफ्टवेयर की भी आवश्यकता बहुत तेजी से बढ़ती जा रही है यहां तक की यह भी बताया जा रहा है कि कम से कम 1 मिलियन से अधिक नौकरियाँ साइबर सुरक्षा के लिए पूरी दुनिया में खाली हैं कंप्यूटर विशेषज्ञ और आईटी प्रोफेशनल इस तरह की साइबर सुरक्षा की नौकरी के लिए समर्थ है।

चीफ़ इन्फॉर्मेशन सिक्योरिटी ऑफिसर (Chief Information Security Officer)

चीफ इनफॉरमेशन सिक्योरिटी ऑफिसर का काम यह होता है कि यह संस्थान में सिक्योरिटी के लिए सॉफ्टवेयर का बिछाव करता  है। और उस संस्थान के डाटा का रखवाला होता है और यह आईआईटी सिक्योरिटी डिपार्टमेंट का प्रमुख भी कहलाता है।

सिक्योरिटी इंजीनियर (Security Engineer)

सिक्योरिटी इंजीनियर साइबर सुरक्षा में यह कंपनी को क्वालिटी कंट्रोल की मदद  थ्रेटस से बचाता है और डाटा को सुरक्षित रखता है।

सिक्योरिटी आर्किटेक्ट (Security architect)

सिक्योरिटी आर्किटेक्ट वह होता है जो प्लानिंग डिजाइनिंग ,टेस्टिंग ,मॉनिटरिंग का काम करता है और देखरेख करता है कि डाटा तो नहीं चुरी हो रहा । यह साइबर सुरक्षा प्रदान करता है।

सिक्योरिटी एनालिस्ट (Security Analyst)

साइबर सुरक्षा में सिक्योरिटी एनालिस्ट वह इंसान होता है जो देखता है कि किस तरह के सिस्टम पर किस तरह की सुरक्षा की जाए और क्या-क्या तकनीक अपनाई जाए जिससे डाटा सुरक्षित रखा जा सके।

आफिसर,कंप्यूटरक्राइम,इन्वेस्टिगेटर,क्रिप्टोग्राफर,फोरसिक एक्सपर्ट,इंसिटेंड रिस्‍पॉंडर,इनफॉर्मेशन अशुरन्स एनालिस्ट,वायरस तकनीशियन आदि।

आने वाले समय में साइबर सुरक्षा में करियर की सूची बहुत आगे तक जाएगी और बहुत अच्छा करियर माना जाएगा।

निष्कर्ष

समय के साथ-साथ साइबर सिक्योरिटी ( Cyber Security ) बढ़ती जाएगी और हमें अपने डाटा को सुरक्षित रखना चाहिए ।इसके लिए हम कई प्रकार के एंटी वायरस का प्रयोग कर सकते हैं और अपने डाटा को सुरक्षित रख सकते हैं ।साथ ही अपने डाटा को चोरी होने से बचा सकते हैं ।आप सब जानते ही हैं की साइबर क्राइम दिन प्रतिदिन बढ़ रहा है इसलिए हम सबको खुद के लिए सतर्क रहना होगा और अपने सिस्टम को हमेशा एंटी वायरस से अपग्रेड रखना चाहिए ताकि हमारा डाटा चोरी ना हो सके और सुरक्षित रहे।

यदि कोई साइबर सुरक्षा Cyber Security in Hindi से सम्बंधित सुझाव देना चाहता है, तो कमेंट में लिख कर अपनी जानकारी Share kare.

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *